मर के तो अब जीने दे ....
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मर के तो अब जीने दे - सुन ले आवाज़ मेरी |
वेदर्दी यूँ न सता
मेरी अर्थी है सजी देखो
आ के कन्धा तो लगा
अब क्या बाकी है सितम
मुझपे सनम ढाने का
क्यूँ बने वेवफा तुम
इतना तो बता जा ज़माने को
जिंदा तो रहा पर जी न सका
अब तक मै तेरा दीवाना
मर के तो अब जीने दे
तू अपने इस दीवाने को !
* उमाकांत शर्मा
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